पिथौरागढ़ के 15 मंदिरों के कायाकल्प को मिलेगी रफ्तार, लापरवाही पर कार्रवाई की चेतावनी

खबर शेयर करें -

पिथौरागढ़। जिलाधिकारी आशीष कुमार भटगांई की अध्यक्षता में गुरुवार को कैंप कार्यालय में मानसखंड मंदिर माला मिशन के अंतर्गत जनपद के प्रस्तावित मंदिरों के कायाकल्प एवं सौंदर्यीकरण कार्यों की समीक्षा बैठक आयोजित की गई। बैठक में विभिन्न मंदिरों में संचालित और प्रस्तावित कार्यों की प्रगति की समीक्षा करते हुए जिलाधिकारी ने संबंधित अधिकारियों एवं कार्यदायी संस्थाओं को सभी कार्य निर्धारित समय-सीमा के भीतर उच्च गुणवत्ता के साथ पूर्ण करने के निर्देश दिए।

जिलाधिकारी ने स्पष्ट कहा कि कार्यों में किसी भी प्रकार की अनावश्यक देरी स्वीकार नहीं की जाएगी। उन्होंने चेतावनी दी कि यदि निर्माण कार्यों की गुणवत्ता से समझौता किया गया या लापरवाही बरती गई तो संबंधित अधिकारियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी। सभी उपजिलाधिकारियों को अपने-अपने क्षेत्रों में चल रहे कार्यों की नियमित निगरानी करने तथा किसी भी प्रकार की शिथिलता मिलने पर तत्काल रिपोर्ट जिला कार्यालय को भेजने के निर्देश दिए गए।

उन्होंने पर्यटन विभाग एवं कार्यदायी संस्थाओं को मंदिर समितियों के साथ समन्वय स्थापित कर कार्य कराने तथा जिन परियोजनाओं के लिए विभिन्न विभागों से अनापत्ति प्रमाण-पत्र (एनओसी) आवश्यक हैं, उन्हें शीघ्र प्राप्त करने के निर्देश दिए। साथ ही जिन प्रस्तावित कार्यों के आगणन अभी तक तैयार नहीं हुए हैं, उन्हें प्राथमिकता के आधार पर शीघ्र पूर्ण करने को कहा, ताकि स्वीकृति एवं निर्माण कार्यों में विलंब न हो।

बैठक में उपनिदेशक पर्यटन अतुल भंडारी ने बताया कि मानसखंड मंदिर माला मिशन के तहत जनपद पिथौरागढ़ के कुल 15 मंदिरों को योजना में शामिल किया गया है। प्रथम चरण में पाताल भुवनेश्वर और हाटकालिका मंदिर में कार्य प्रगति पर हैं, जबकि द्वितीय चरण में पांच तथा तृतीय चरण में आठ मंदिरों के कायाकल्प एवं सौंदर्यीकरण का प्रस्ताव तैयार किया गया है।

बैठक में संबंधित कार्यदायी संस्थाओं के अधिकारियों ने भौतिक रूप से तथा उपजिलाधिकारियों ने वर्चुअल माध्यम से प्रतिभाग किया।

ADVERTISEMENTS Ad
Breaking News