बागेश्वर। जिला अधिकारी कार्यालय परिसर में शनिवार को मंगल कुमार, दया प्रकाश पुत्र वीरेंद्र प्रसाद, हेमा देवी और रेणुका देवी ने धरना देकर आवास की मांग उठाई। धरने पर बैठे परिवारों ने पूर्व पट्टाधारक पर लिखित समझौते के बावजूद मकान का निर्माण नहीं कराने का आरोप लगाया। उन्होंने जिला प्रशासन से मामले में हस्तक्षेप कर जल्द राहत दिलाने की मांग की।
पीड़ितों ने बताया कि जून माह में पूर्व पट्टाधारक की ओर से मकान बनाकर देने को लेकर उनके साथ लिखित एग्रीमेंट किया गया था। समझौते के बाद उन्हें उम्मीद थी कि जल्द ही सुरक्षित आवास उपलब्ध हो जाएगा, लेकिन कई सप्ताह बीतने के बाद भी निर्माण कार्य शुरू नहीं कराया गया।
परिवार के मुताबिक उनका वर्तमान पक्का मकान खनन क्षेत्र से महज करीब 15 मीटर की दूरी पर स्थित है। इसमें परिवार के करीब नौ सदस्य रह रहे हैं। बारिश के मौसम में खनन क्षेत्र के नजदीक रहने से परिवार की चिंता और बढ़ जाती है। उनका कहना है कि तेज बारिश के दौरान भूस्खलन, मलबा या अन्य दुर्घटना की आशंका बनी रहती है और पूरा परिवार रातभर भय के माहौल में रहने को मजबूर होता है।
उन्होंने बताया कि दोनों भाइयों के पास करीब पांच नाली जमीन है, लेकिन मकान निर्माण के लिए उपयुक्त और सुरक्षित स्थान उपलब्ध नहीं होने से समस्या बनी हुई है। ऐसे में वे समझौते के अनुसार आवास मिलने का इंतजार कर रहे हैं।
