बागेश्वर। सचिवालय में प्रदेश के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी से शिष्टाचार भेंट कर क्षेत्र की सड़क और शिक्षा से जुड़ी विभिन्न मांगों को लेकर विस्तार से चर्चा की गई। इस दौरान स्वतंत्रता संग्राम सेनानी स्व. महेंद्र सिंह करायत के नाम से प्रस्तावित पालडीछीना–जनोटीपालड़ी–करालापालड़ी–जैनकरास मोटर मार्ग का कंनगाडछीना तक मिलान किए जाने और मोटर मार्ग को जल्द स्वीकृति देने की मांग रखी गई।
प्रतिनिधिमंडल ने मुख्यमंत्री को बताया कि उक्त मोटर मार्ग के निर्माण से क्षेत्र के कई गांवों को आवागमन की बेहतर सुविधा मिल सकेगी। सड़क बनने से ग्रामीणों को बाजार, स्वास्थ्य केंद्र, विद्यालय और अन्य जरूरी सेवाओं तक पहुंचने में आसानी होगी। क्षेत्रवासियों की लंबे समय से चली आ रही मांग को देखते हुए मोटर मार्ग की स्वीकृति और निर्माण प्रक्रिया जल्द शुरू करने पर जोर दिया गया।
इस अवसर पर स्वतंत्रता संग्राम सेनानी स्व. महेंद्र सिंह करायत के उत्तराधिकारी एवं नायब सूबेदार क्षेत्र पंचायत सदस्य फतेह सिंह करायत ने क्षेत्र की जनसुविधा और विकास को ध्यान में रखते हुए सड़क निर्माण की मांग मुख्यमंत्री के समक्ष रखी। उन्होंने कहा कि सड़क बनने से क्षेत्र के लोगों को बड़ी राहत मिलेगी और स्थानीय विकास को भी गति मिलेगी।
इसके साथ ही काफलीगैर में डिग्री कॉलेज की स्थापना का मुद्दा भी मुख्यमंत्री के समक्ष रखा गया। प्रतिनिधिमंडल ने क्षेत्र के विद्यार्थियों को उच्च शिक्षा के लिए दूर न जाना पड़े, इसके लिए जल्द कॉलेज की स्थापना की मांग की। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने काफलीगैर डिग्री कॉलेज की स्थापना का शासनादेश (जीओ) जारी किए जाने का आश्वासन दिया।
इस दौरान पूर्व जिलाध्यक्ष एवं जिला मंत्री मनोज ओली, खरेही मंडल अध्यक्ष घनश्याम सिंह, मंडल महामंत्री मनोज पंत और करासमाफी के प्रधान मोहन बिष्ट मौजूद रहे।
