नारायणबगड़। चमोली जिले में लगातार बारिश से जनजीवन प्रभावित है, लेकिन नारायणबगड़ क्षेत्र में विद्यालयों में तीन दिवसीय अवकाश की वजह बारिश नहीं, बल्कि पागल कुत्तों का बढ़ता आतंक है। क्षेत्र में कुत्तों के लगातार हमले से लोगों में दहशत का माहौल है। स्थिति को देखते हुए जिला शिक्षा अधिकारी, चमोली की ओर से नारायणबगड़ क्षेत्र के सरकारी, अर्द्धसरकारी और गैर सरकारी विद्यालयों में तीन दिन का अवकाश घोषित किया गया है।
आदेश में स्पष्ट किया गया है कि अवकाश के दौरान विद्यालय भौतिक रूप से बंद रहेंगे, लेकिन बच्चों की ऑनलाइन पढ़ाई जारी रहेगी। यानी विद्यार्थियों की पढ़ाई प्रभावित न हो, इसके लिए स्कूल प्रबंधन ऑनलाइन माध्यम से कक्षाएं संचालित करेगा।
बताया जा रहा है कि नारायणबगड़ क्षेत्र में पिछले कई दिनों से आवारा और पागल कुत्तों का आतंक बढ़ गया है। कुत्तों के हमले में कई राहगीर घायल हो चुके हैं। बाजार और आसपास के क्षेत्रों में लोगों को आवाजाही के दौरान विशेष सावधानी बरतनी पड़ रही है। बच्चों की सुरक्षा को देखते हुए विद्यालयों को बंद रखने का निर्णय लिया गया है।
इधर, वन विभाग की टीम भी कुत्तों को पकड़ने के लिए अभियान चला रही है। बुधवार को टीम ने नारायणबगड़ बाजार क्षेत्र में घूम रहे कुछ आवारा कुत्तों को पकड़कर कार्रवाई की। टीम की ओर से संवेदनशील स्थानों पर कुत्तों की तलाश की जा रही है।
स्थानीय लोगों का कहना है कि क्षेत्र में एक-दो नहीं, बल्कि कई कुत्तों के आक्रामक व्यवहार से खतरा बढ़ गया है। बाजार में रहने वाले लोगों के साथ राहगीरों और अभिभावकों में भी बच्चों की सुरक्षा को लेकर चिंता है। लोगों ने प्रशासन और संबंधित विभागों से कुत्तों के आतंक पर प्रभावी कार्रवाई करने की मांग की है।
सबसे बड़ा सवाल यह भी है कि क्षेत्र में अचानक पागल और आक्रामक कुत्तों की संख्या क्यों बढ़ रही है। इसे लेकर स्थानीय स्तर पर चिंता बनी हुई है। फिलहाल प्रशासन और वन विभाग की कार्रवाई के बीच विद्यालयों में तीन दिन का अवकाश घोषित कर बच्चों को घर से ऑनलाइन पढ़ाई कराने का फैसला लिया गया है।
